प्रधानमंत्री मोदी व जापानी पीएम शिंजो अबे शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए अहमदाबाद के लिए रवाना हो गए है। इससे पहले दोनों नेताओं ने गांधीनगर स्थित दांडी  कुटीर संग्राहलय का दौरा किया। आपको बता दें कि यह जगह महात्मा गांधी से जुड़ी हैं और यह संग्रहालय गांधी जी के जीवन पर आधारित है।  अनुमान लगाया जा रहा कि वर्षों से अटके पड़े रक्षा सौदों को इस बार की बैठक में अंतिम रूप दिया जा सकता है। भारत जापान के विमान US-2 को खरीदना चाहता है लेकिन जापान इसकी कीमतों को लेकर अड़ियल रूख अपनाए हुए है। उम्मीद है कि दोनों पक्ष इससे जुड़े सौदों की राह निकाल सकते हैं। भारत इस श्रेणी के 12 से 18 जहाज खरीदना चाहता है, ताकि पूरे समुद्री इलाके में सैन्य कार्रवाइयों को धार दी जा सके।

इन मुद्दों पर बात होने की उम्मीद-

-भारत और जापान 12वीं द्विपक्षीय सालाना बैठक का एजेंडा इस बार व्यापक है। रक्षा और सुरक्षा पर खास तवज्जो होगी। चीन के आक्रामक तेवर को देखते हुए रक्षा सहयोग अहम हो गया है।
-श्रीलंका और ईरान में दो बंदरगाहों का साझा विकास भी एजेंडे में है। अफ्रीका में चीन के बढ़ते प्रभाव को रोकने के कदमों पर भी विचार होगा।
-नौसेना के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने और संयुक्त तौर पर अत्याधुनिक पनडुब्बी निर्माण।
-अंडमान निकोबार द्वीप में अत्याधुनिक नौसैनिक अड्डा बनाने में जापान से मदद।