दिल्ली एनसीआर समेत पूरे उत्तर भारत में कोहरे ने पांव पसार रखा है। मंगलवार सुबह 8 बजे तक 43 फ्लाइट देरी से चल रही थी,वहीं 7 को कैंसिल करना पड़ा। वहीं मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि अगले दो तीन दिनों तक ऐसी ही स्थित बनी रहेगी। घने कोहरे का असर ट्रेन और सड़क परिवहन पर पड़ रहा है। वैज्ञानिकों के मुताबिक हवा में गति के बाद ही इस स्थित में सुधार की उम्मीद की हो सकती है।

पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय लंदन में साल 2012 ओलंपिक के समय कोहरे का अनुमान लगाने वाले मॉडल पर काम कर रहा है। वैज्ञानिकों को उम्मीद है कि इस ठंड के अंत तक उनके पास इसे लेकर पर्याप्त डाटा उपलब्ध हो जाएगा। वैज्ञानिकों ने नवंबर 2016 में इस स्टडी को शुरू किया था. साल 1981 में सिर्फ 38 दिन कोहरा पड़ा था, जबकि 2016 में 74 दिन।

पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के सचिव डॉ. राजीवन ने न्यूज 18 को बताया, हम लोगों ने कोहरे के बारे में एक दिन पहले ही अनुमान लगाने में सफलता हासिल की है। ऐसे में हम कोहरे के बारे में 8-12 घंटे पहले ही अनुमान लगा सकते हैं। यह प्रयोग हमारी मॉडलिंग सिस्टम को शक्तिशाली बना रहा है।